UPLOADED BY AKASH TRIPATHI
घर से करीब सौ मीटर दूर बाग में पूर्व प्रधान के बेटे की मिली लाश से हड़कंप
पुलिस को जमीन के विवाद का बताया जा रहा कारण

घर से थोड़ी दूर स्थिति बाग में बैठे कुश सिंह (24) की गोली मारकर हत्या कर दी गई। सिर में गोली लगते ही वह लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़ा। लोगों की जबतक नजर पड़ी उसकी हालत सांसें थम चुकी थीं। पूर्व ग्राम प्रधान विनोद सिंह के बेटे के कत्ल की खबर गांव के अंदर जंगल में आग की तरह फैल गई। जवान बेटे के कत्ल की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गय। रोते बिलखते घर वाले मौके पर पहुंचे। देखते ही देखते बाग गांव के सैकड़ों लोगों की भीड़ लग गई। हत्या की जानकारी मिलते ही पुलिस अफसर मौके पर पहुंच गए। फौरन उसे एम्बुलेंस एसआरएन हॉस्पिटल लाया गया, हॉस्पिटल में डॉक्टरों ने कुश को मृत घोषित कर दिया। आक्रोश बढ़ता इसके पहले दर्जनों की तादाद में फोर्स पहुंच गई। पुलिस अफसरों द्वारा बुलाई गई फॉरेंसिक टीम के जवानों ने सैंपल कलेक्ट किया। शव को पोस्टमार्टम हाउस भेजकर पुलिस मामले की तफ्तीश में देर रात तक जुटी रही। घटना की वजह को लेकर अफसर भी देर कंफर्म रूप कुछ नहीं बता सके। फिलहाल, वारदात के पीछे जमीन का विवाद माना जा रहा है। घटना यमुनानगर स्थित औद्योगिक क्षेत्र थाना के गोती गांव में गुरुवार सुबह करीब 11 बजे की बताई गई।
औद्योगिक एरिया के गोती गांव निवासी पूर्व प्रधान विनोद सिंह का जमीन को लेकर विवाद चल रहा है। उनके दोनों बेटे घर पर ही रहा करते थे। बताते हैं कि उनका छोटा बेटा कुश सिंह गुरुवार सुबह करीब 11 बजे घर से लगभग सौ मीटर दूर स्थित बाग में जा पहुंचा। लोगों की नजर पड़ी तो वह वह खून से लथपथ स्थिति में पेड़ के नीचे जमीन पर गिरा पड़ा था। उसके सिर में एक गोली लगी थी। उसकी कंडीशन को देखकर लोग सन्नाटे में आ गए। गांव में पूर्व प्रधान के बेटी कुश की गोली मारकर हत्या की खबर फैली तो हड़कंप मच गया। रोते बिलखते घर परिवार के लोग घटना स्थल पर पहुंचे। सूचना मिलते ही औद्योगिक थाने की पुलिस भी पहुंच गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए फोर्स के साथ अपर पुलिस उपायुक्त यमुनानगर विजय आनंद मौके पर पहुंच गए। फौरन फॉरेंसिक टीम और पिंगर एक्सपर्ट बुलाए गए। टीम के जवानों द्वारा घटना स्थल पर सैंपल कलेक्ट किया गया। बगैर देर किए परिजन व पुलिस उसे लेकर एसआरएन हॉस्पिटल पहुंची। जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। उसके मौत की खबर सुनते ही पूर्व प्रधान के समर्थकों में आक्रोश फैल गया। मौके की नजाकत को देखते हुए गांव सुरक्षा के मद्देनजर फोर्स बढ़ा दी गई। शव को पोस्टमार्टम हाउस भेजने के बाद पुलिस मामले की तहतक पहुंचने के प्रयास में जुट गई। एसीपी सुनील कुमार सिंह के मुताबिक जांच के लिए कुल चार टीमें गठित की गई हैं। तफ्तीश में जुटी पुलिस को पूछताछ में घटना के पीछे का कारण जमीन का विवाद पता चला है। हालांकि इस बिन्दु पर पुलिस बहुत स्पष्ट रूप से कुछ भी कह पाने में असमर्थ रही। देर शाम तक मामले में पुलिस परिवार की तरफ से कोई तहरीर नहीं मिली थी। पुलिस को तहरीर मिलने व पोस्टमार्टम रिपोर्ट का बेसब्री से इंतजार रहा। गोली मारने वाले को किसी ने देखा नहीं है। ऐसे में केस का खुलासा पुलिस के लिए और भी पेचीदा बन गया है। बहरहाल, पुलिस उसके मोबाइल को कब्जे में लेकर सीडीआर निकालने व ह्वाट्सएप मैसेज आदि को भी चेक करने में लग गई है।
जवाब खोजेंगे तो खुल जाएगी घटना
जांच में जुटी पुलिस को इस घटना के बाद उठ रहे कई सवाल परेशान कर रहे हैं। क्योंकि जिस जगह घटना हुई वह बाग घर से करीब सौ मीटर से भी कम दूरी होने का अनुमान है। ऐसे में प्रश्न यह है कि गोली चली तो उसकी आवाज गांव के या घर के किसी व्यक्ति को सुनाई क्यों नहीं दी। जबकि सुबह 11 बजे के वक्त गांव में बहुत शोर शराबा भी नहीं रहता। पुलिस को इस सवाल का भी जवाब खोजना होगा कि जिस गन से उसके सिर में गोली लगी आखिर वह गन कहां है। पेचीदा प्रश्र यह भी है कि आखिर वह इतनी अकेले सुबह 11 बजे बाग में क्या करने गया था? यदि मान लिया जाय कि वे शौच के लिए गया था तो प्रश्न यह है कि क्या पूर्व प्रधान के घर में शौचालय की व्यवस्था नहीं है। अगर घर में शौचालय है तो फिर बाग में शौच के लिए उसे क्यों जाना पड़ा? घटना का आरोप जिन लोगों पर लगाया जा रहा है, क्या वह जमीन के विवाद को लेकर पहले भी मारपीट या कोई विवाद किए हैं। इस घटना में ऐसे कई सवाल है। जिसके जवाब में ही उत्तर छिपा हुआ है। अब पुलिस उत्तर खोज पाने में कब तक सफल होती है यह आने वाला वक्त ही तय करेगा।

कहीं खुद तो नहीं चलाई गोली?
बाग में चली गोली की आवाज पुलिस के मुताबिक किसी ने नहीं सुनी। जिस वक्त बाग में घटना हुई उस समय गांव के लोग अक्स खेत व बगीचों की तरफ खेत आदि में काम कर रहे होते हैं। गांव यहां तक कि युवक के घर से घटना स्थल भी बहुत दूर नहीं है। चर्चाओं पर जाएं तो कुछ लोगों का कहना है कि कहीं वह खुद को स्वयं तो गोली नहीं मार लिया। फिलहाल लोगों के बीच तैर रही इन अफवाओं व चर्चाओं में कितना दम है? यह बात पुलिस की तफ्तीतश कम्प्लीट होने के बाद ही क्लियर होगा।
घटना की जांच के लिए कुल चार टीमें गठित की गई हैं। प्रथम दृष्टया पूछताछ में जमीन के विवाद का मामला बताया जा रहा है। कई बिन्दुओं पर टीमें छानबीन कर रही हैं। जल्द ही जो भी सच होगा वह सामने आ जाएगा। तहरीर मिलने के बाद उसके आधार पर केस दर्ज किया जाएगा।
सुनील कुमार सिंह, एसीपी करछना
रिपोर्ट : घनश्याम शुक्ला/मुकेश चतुर्वेदी

