
West Bengal विधानसभा Elections नजदीक आते ही केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah ने भारतीय जनता पार्टी की संभावनाओं को लेकर बड़ा भरोसा जताया है। एबीपी न्यूज को दिए एक इंटरव्यू में उन्होंने कहा कि राज्य में बदलाव की लहर साफ दिखाई दे रही है और जनता का रुख बीजेपी के पक्ष में जाता नजर आ रहा है।
अमित शाह के अनुसार, बदलाव की मांग सिर्फ पार्टी कार्यकर्ताओं तक सीमित नहीं है, बल्कि आम जनता खुद इस दिशा में आगे बढ़ रही है। उनका कहना है कि राज्य के मतदाता मौजूदा सरकार से हटकर एक नया विकल्प तलाश रहे हैं।
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर निशाना साधते हुए शाह ने कहा कि वह अब जनता की आवाज से दूर हो चुकी हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार लोगों की समस्याओं को गंभीरता से नहीं सुन रही है, जिससे जनता में असंतोष बढ़ रहा है। शाह ने यह भी कहा कि मुख्यमंत्री को जनता की भावनाओं को समझने की जरूरत है।
चुनाव आयोग को लेकर ममता बनर्जी द्वारा लगाए गए आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए अमित शाह ने इन दावों को खारिज किया। उन्होंने कहा कि ऐसे आरोप अन्य राज्यों—जैसे तमिलनाडु और केरल—में नहीं लगाए गए, जहां बीजेपी सत्ता में नहीं है। उनके मुताबिक, यह आरोप बेबुनियाद हैं।
West Bengal Elections 2026: वोट से पहले नोट का खेल? बंगाल चुनाव 2026 से पहले 1.27 करोड़ कैश बरामद
बीजेपी की प्राथमिकताओं को गिनाते हुए शाह ने घुसपैठ के मुद्दे को प्रमुखता से उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य सरकार की नीतियों के कारण अवैध घुसपैठ को बढ़ावा मिला है, जिसे रोकना जरूरी है। उन्होंने कहा कि बीजेपी की सरकार बनने पर इस मुद्दे पर सख्त कदम उठाए जाएंगे।
महिला सुरक्षा का मुद्दा भी शाह के बयान में प्रमुख रहा। उन्होंने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार की जिम्मेदारी है और इस दिशा में ठोस कदम उठाए जाएंगे। उनका कहना था कि ऐसा माहौल बनाया जाएगा जहां महिलाएं बिना किसी डर के स्वतंत्र रूप से बाहर निकल सकें।
कुल मिलाकर, अमित शाह के बयान से साफ है कि बीजेपी पश्चिम बंगाल में खुद को एक मजबूत विकल्प के रूप में पेश कर रही है। चुनाव से पहले पार्टी जनसमर्थन जुटाने के लिए राज्य की मौजूदा सरकार की नीतियों और मुद्दों को प्रमुखता से उठा रही है।



