
UP SIR Update : उत्तर प्रदेश में नई वोटर लिस्ट तैयार करने की प्रक्रिया तेजी से जारी है और इसके ताजा आंकड़ों में महिलाओं ने नया रिकॉर्ड बना दिया है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी Navdeep Rinwa ने शनिवार को लखनऊ स्थित Lok Bhavan में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि 27 अक्टूबर 2025 से अब तक करीब 86.69 लाख लोगों ने नया मतदाता बनने के लिए आवेदन किया है।
उन्होंने बताया कि इस बार महिलाओं ने पुरुषों को पीछे छोड़ दिया है। पिछले दो महीनों, यानी 6 जनवरी से 6 मार्च के बीच कुल 70,69,810 लोगों ने नाम जुड़वाने के लिए फॉर्म-6 भरा। इनमें 35,72,603 महिलाएं और 34,96,911 पुरुष शामिल हैं, जबकि 296 थर्ड जेंडर के लोगों ने भी आवेदन किया है।
यदि कुल आंकड़ों पर नजर डालें तो अब तक प्राप्त 86.69 लाख आवेदनों में महिलाओं की संख्या 43.62 लाख और पुरुषों की 43.06 लाख है। इससे साफ है कि इस बार महिलाओं की भागीदारी ज्यादा रही है।
वोटर लिस्ट को पूरी तरह सटीक बनाने की कवायद
चुनाव आयोग इस बार वोटर लिस्ट को पूरी तरह साफ और सटीक बनाने के लिए विशेष अभियान चला रहा है। 6 जनवरी को जारी ड्राफ्ट लिस्ट के अनुसार प्रदेश में कुल 12.55 करोड़ मतदाता दर्ज थे। इसके बाद हुई जांच में करीब 3.26 करोड़ मतदाताओं के डेटा में गड़बड़ी सामने आई।
जांच के दौरान पाया गया कि करीब 1.4 करोड़ मतदाताओं का रिकॉर्ड वर्ष 2003 के पुराने डेटा (SIR) से मेल नहीं खा रहा था, जबकि 2.02 करोड़ मामलों में नाम, उम्र या परिवार के सदस्यों के बीच असामान्य अंतर जैसी समस्याएं मिलीं। इन सभी मामलों में संबंधित लोगों को नोटिस जारी किए गए हैं।
अब तक 93.8 प्रतिशत नोटिस वितरित किए जा चुके हैं और करीब 2.80 करोड़ मामलों की सुनवाई पूरी कर ली गई है।
नाम कटवाने और सुधार के लिए भी बड़ी संख्या में आवेदन
वोटर लिस्ट अपडेट के दौरान गलत नाम हटाने और पुराने रिकॉर्ड सुधारने की प्रक्रिया भी जारी है। पिछले दो महीनों में नाम कटवाने के लिए 2.68 लाख लोगों ने फॉर्म-7 भरा, जबकि करीब 22.55 लाख लोगों ने फॉर्म-8 के माध्यम से अपने मतदाता पहचान पत्र में सुधार कराया।
इन सुधारों में पता बदलना, नाम की स्पेलिंग ठीक कराना या फोटो अपडेट करवाना शामिल है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने भरोसा दिलाया कि किसी भी व्यक्ति का नाम बिना नोटिस और ठोस कारण के वोटर लिस्ट से नहीं हटाया जाएगा।
27 मार्च तक पूरी होगी प्रक्रिया
चुनाव आयोग ने मतदाताओं की सहायता के लिए हेल्पलाइन नंबर 1800-180-1950 और 1950 भी जारी किए हैं। इसके अलावा ‘बुक ए कॉल विद BLO’ सुविधा के जरिए लोग अपने बूथ लेवल अधिकारी से सीधे संपर्क कर सकते हैं।
अधिकारियों के मुताबिक अभी लगभग 14 प्रतिशत मामलों की सुनवाई बाकी है, जिसे 27 मार्च तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। चुनाव आयोग का उद्देश्य है कि अंतिम वोटर लिस्ट पूरी तरह पारदर्शी और त्रुटिरहित हो।



