
INDIA Bloc Meeting : नई दिल्ली में सोमवार को विपक्षी गठबंधन INDIA (इंडियन नेशनल डेवलपमेंटल इंक्लूसिव अलायंस) की अहम बैठक आयोजित हुई। बैठक में शामिल 25 दलों ने गठबंधन की एकजुटता बनाए रखने, राजनीतिक रणनीति को मजबूत करने और विभिन्न राष्ट्रीय मुद्दों पर साझा रुख अपनाने को लेकर महत्वपूर्ण निर्णय लिए।
बैठक के बाद कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने बताया कि गठबंधन ने पांच प्रमुख बिंदुओं पर सहमति बनाई है। इनमें स्पेशल इंटेंसिव रिविजन (SIR) को लेकर भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) को पत्र भेजने का फैसला भी शामिल है। विपक्ष का आरोप है कि SIR प्रक्रिया के जरिए चुनावी गड़बड़ियों और मतदाता अधिकारों को प्रभावित करने की कोशिश की जा रही है।
SIR मुद्दे पर CJI को भेजा जाएगा पत्र
मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि INDIA गठबंधन के सभी सहयोगी दल SIR और कथित चुनावी अनियमितताओं के मुद्दे पर एकजुट हैं। उन्होंने बताया कि जल्द ही भारत के मुख्य न्यायाधीश को एक संयुक्त पत्र सौंपा जाएगा, जिसमें इस मामले में हस्तक्षेप की मांग की जाएगी।
NEET-CBSE विवाद पर शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग
बैठक में NEET और CBSE परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया गया। विपक्षी दलों ने आरोप लगाया कि लाखों छात्रों का भविष्य प्रभावित हुआ है। इस पर INDIA गठबंधन ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री के तत्काल इस्तीफे की मांग करने का सर्वसम्मति से निर्णय लिया।
हर दो महीने में होगी INDIA गठबंधन की बैठक
विपक्षी दलों ने आपसी समन्वय को और मजबूत करने के लिए नियमित बैठकों का फैसला किया है। खड़गे ने बताया कि अब हर दो महीने में INDIA गठबंधन की बैठक आयोजित की जाएगी। अगली बैठक 8 अगस्त को हैदराबाद में होगी, जहां आगामी राजनीतिक रणनीति पर चर्चा की जाएगी।
संसद के मानसून सत्र के लिए बनेगी साझा रणनीति
गठबंधन ने संसद के आगामी मानसून सत्र को लेकर भी रणनीति तैयार करने का फैसला किया है। विपक्ष के नेता के कार्यालय में सहयोगी दलों की नियमित रणनीतिक बैठकें आयोजित की जाएंगी ताकि संसद के भीतर सरकार को घेरा जा सके और विपक्ष की आवाज को प्रभावी ढंग से उठाया जा सके।
कांग्रेस का संदेश- ‘हम एकजुट हैं’
बैठक के बाद कांग्रेस ने सोशल मीडिया पर INDIA गठबंधन के नेताओं की तस्वीर साझा करते हुए ‘हम एकजुट हैं’ का संदेश दिया। नेताओं ने लोकतांत्रिक संस्थाओं की रक्षा, युवाओं के मुद्दों और जनता से जुड़े सवालों पर संयुक्त संघर्ष जारी रखने की प्रतिबद्धता दोहराई।
बैठक में कौन-कौन नहीं हुआ शामिल?
हालांकि इस महत्वपूर्ण बैठक में कुछ प्रमुख सहयोगी दल शामिल नहीं हुए। तमिलनाडु में कांग्रेस और TVK के बीच बढ़ती नजदीकियों से नाराज DMK ने बैठक से दूरी बनाए रखी। वहीं आम आदमी पार्टी (AAP) भी बैठक में शामिल नहीं हुई।
शिवसेना (UBT) प्रमुख उद्धव ठाकरे और झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) के नेता हेमंत सोरेन व्यक्तिगत रूप से उपस्थित नहीं हो सके, लेकिन दोनों नेताओं ने वर्चुअल माध्यम से बैठक में हिस्सा लिया।
विपक्षी गठबंधन की इस बैठक को आगामी राजनीतिक चुनौतियों और संसद सत्र से पहले विपक्षी एकजुटता को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।



