
Ankita Bhandari Case: उत्तराखंड के चर्चित अंकिता भंडारी हत्याकांड से जुड़े घटनाक्रम के बीच अभिनेत्री उर्मिला सनावर की गिरफ्तारी ने एक बार फिर इस मामले को सुर्खियों में ला दिया है। सहारनपुर में रहने वाली उर्मिला को उत्तराखंड पुलिस ने एक अलग शिकायत के आधार पर गिरफ्तार किया है। उन पर सोशल मीडिया के जरिए कथित तौर पर आपत्तिजनक सामग्री प्रसारित करने, ब्लैकमेलिंग और रंगदारी जैसे गंभीर आरोप लगाए गए हैं। दूसरी ओर, अंकिता भंडारी मामले से जुड़ी एक कथित ऑडियो रिकॉर्डिंग को लेकर भी जांच जारी है।
किस शिकायत के आधार पर गिरफ्तार हुईं उर्मिला?
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, पूर्व भाजपा विधायक सुरेश राठौर की बेटी दीपिका राठौर ने उर्मिला सनावर के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में आरोप लगाया गया कि सोशल मीडिया पर उनके और उनके परिवार को निशाना बनाकर ऐसी टिप्पणियां की गईं, जिनसे उनकी छवि को नुकसान पहुंच सकता था। शिकायतकर्ता ने इस पूरे घटनाक्रम में कथित ब्लैकमेलिंग और पैसे की मांग किए जाने के आरोप भी लगाए हैं।
बताया गया है कि इस शिकायत के आधार पर 24 अक्टूबर की रात हरिद्वार के रानीपुर थाने में मामला दर्ज किया गया। इसके बाद पुलिस ने सहारनपुर स्थित उर्मिला के आवास पर कार्रवाई करते हुए उन्हें गिरफ्तार कर लिया।
फिलहाल, शिकायत में लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि होना बाकी है। मामले में पुलिस की जांच और अदालत में होने वाली कार्यवाही से ही आरोपों की वास्तविक स्थिति स्पष्ट होगी।
वायरल ऑडियो ने क्यों बढ़ाई थी हलचल?
उर्मिला सनावर का नाम पिछले दिनों अंकिता भंडारी हत्याकांड से संबंधित एक कथित ऑडियो क्लिप को लेकर चर्चा में आया था। इस रिकॉर्डिंग में एक प्रभावशाली व्यक्ति यानी ‘VIP’ का जिक्र होने का दावा किया गया। इसके बाद यह सवाल उठने लगे कि क्या अंकिता की हत्या के पीछे सामने आए दोषियों के अलावा भी किसी अन्य व्यक्ति की भूमिका की जांच की जरूरत है।
हालांकि, किसी रिकॉर्डिंग में किए गए दावे अपने आप में किसी व्यक्ति की संलिप्तता का प्रमाण नहीं होते। ऑडियो की प्रामाणिकता, उसमें मौजूद आवाजों और कथनों की सत्यता की जांच करना संबंधित एजेंसियों का काम है।
इसी सिलसिले में केंद्रीय जांच ब्यूरो यानी CBI ने भी उर्मिला सनावर से पूछताछ की थी। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, 18 अक्टूबर को उनसे करीब चार घंटे तक सवाल-जवाब किए गए थे। इसके बाद जांच टीम उनके सहारनपुर स्थित आवास पर पहुंची और नारको-एनालिसिस टेस्ट से संबंधित नोटिस दिया।
रिपोर्ट्स में यह भी बताया गया कि उन्हें इस परीक्षण के संबंध में अदालत के सामने अपनी सहमति या असहमति दर्ज कराने के लिए पेश होना था। इसी बीच गिरफ्तारी की खबर सामने आने से मामले ने फिर सुर्खियां बटोरीं।
गिरफ्तारी और CBI जांच को समझना क्यों जरूरी?
इस पूरे घटनाक्रम में दो अलग-अलग पहलुओं को समझना जरूरी है। उर्मिला सनावर की गिरफ्तारी दीपिका राठौर की शिकायत पर दर्ज मामले में हुई बताई गई है, जबकि वायरल ऑडियो की जांच अंकिता भंडारी हत्याकांड से संबंधित है।
इसलिए गिरफ्तारी को सीधे तौर पर ऑडियो क्लिप की जांच का नतीजा मानना सही नहीं होगा। दोनों मामलों में जांच की दिशा, आरोपों का आधार और कानूनी प्रक्रिया अलग हो सकती है। आगे की स्थिति पुलिस के आधिकारिक बयान और अदालत में सामने आने वाले तथ्यों से स्पष्ट होगी।
क्या था अंकिता भंडारी हत्याकांड?
सितंबर 2022 में उत्तराखंड के ऋषिकेश के निकट एक रिसॉर्ट में काम करने वाली अंकिता भंडारी की हत्या कर दी गई थी। वह रिसॉर्ट में रिसेप्शनिस्ट थीं। 24 सितंबर 2022 को उनका शव चिल्ला नहर से बरामद हुआ था। घटना के बाद प्रदेश में व्यापक विरोध प्रदर्शन हुए और मामले को लेकर न्याय की मांग तेज हो गई थी।
इस मामले में रिसॉर्ट के मालिक पुलकित आर्य और दो अन्य आरोपियों, सौरभ भास्कर तथा अंकित गुप्ता, को अदालत ने दोषी ठहराते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई थी।
इसके बावजूद कथित VIP की भूमिका को लेकर समय-समय पर सवाल उठते रहे हैं। अंकिता के माता-पिता ने भी इस मामले में एक VIP की कथित संलिप्तता को लेकर आरोप लगाए हैं। इन दावों के संदर्भ में राजनीतिक व्यक्तियों के नाम भी सार्वजनिक चर्चा में आए हैं, लेकिन आरोपों को प्रमाणित तथ्य मानने से पहले जांच और न्यायिक प्रक्रिया के निष्कर्षों का इंतजार करना जरूरी है।
अब आगे क्या होगा?
उर्मिला सनावर की गिरफ्तारी के बाद पुलिस की जांच और अदालत की कार्यवाही पर नजर रहेगी। एक ओर दीपिका राठौर की शिकायत में लगाए गए आरोपों की जांच होगी, तो दूसरी ओर अंकिता भंडारी हत्याकांड से संबंधित कथित ऑडियो क्लिप की पड़ताल भी महत्वपूर्ण बनी रहेगी।
इस मामले में आगे क्या खुलासा होता है, यह जांच एजेंसियों के निष्कर्षों और अदालत में पेश किए जाने वाले साक्ष्यों पर निर्भर करेगा। फिलहाल, दोनों मामलों के बीच अंतर बनाए रखते हुए तथ्यों के आधार पर ही किसी नतीजे पर पहुंचना उचित होगा।



