Cloud Storage Tips: क्लाउड स्टोरेज चुनते समय न करें ये गलतियां, सुरक्षित रहेगा आपका डेटा

Cloud Storage Tips: Avoid these mistakes when choosing cloud storage to keep your data safe.

Cloud Storage Tips:आज के डिजिटल दौर में फोटो, वीडियो और जरूरी दस्तावेजों को सुरक्षित रखने के लिए क्लाउड स्टोरेज का इस्तेमाल तेजी से बढ़ रहा है। फोन की मेमोरी भरने पर लोग अपनी फाइलें ऑनलाइन सेव करने लगते हैं। इससे डिवाइस में जगह खाली करने और कहीं से भी डेटा एक्सेस करने में मदद मिलती है।

हालांकि, क्लाउड स्टोरेज की सुविधा लेने से पहले सही प्लेटफॉर्म चुनना जरूरी है। केवल मुफ्त स्टोरेज या कम कीमत देखकर सर्विस चुनने से भविष्य में परेशानी हो सकती है। डेटा ट्रांसफर, प्राइवेसी और बैकअप जैसी सुविधाओं की अनदेखी करने पर जरूरी फाइलों को दूसरी सर्विस में ले जाना मुश्किल हो सकता है। आइए जानते हैं क्लाउड स्टोरेज चुनते समय किन बातों का ध्यान रखना चाहिए।

1. जरूरत से ज्यादा या कम स्टोरेज न खरीदें

क्लाउड स्टोरेज लेने से पहले अपने फोन, लैपटॉप और दूसरे डिवाइस में मौजूद डेटा की मात्रा जांच लें। फोटो, वीडियो, डॉक्यूमेंट और बैकअप के लिए कितनी जगह चाहिए, इसका अनुमान लगाना जरूरी है।

उदाहरण के लिए, अगर आपके फोटो और वीडियो ही 18GB जगह लेते हैं, तो 5GB का मुफ्त प्लान पर्याप्त नहीं होगा। वहीं, यदि आपका कुल डेटा 20GB से कम है, तो शुरुआत में बहुत बड़ा स्टोरेज प्लान खरीदना अनावश्यक खर्च बन सकता है।

बेहतर होगा कि मौजूदा जरूरत के साथ भविष्य में बढ़ने वाले डेटा को भी ध्यान में रखकर प्लान चुनें।

2. फ्री स्टोरेज और सब्सक्रिप्शन की कीमत जांचें

अलग-अलग क्लाउड स्टोरेज सेवाएं मुफ्त जगह और भुगतान वाले प्लान की अलग-अलग सुविधाएं देती हैं। इसलिए किसी एक सर्विस को चुनने से पहले उसके स्टोरेज, कीमत और अतिरिक्त सुविधाओं की तुलना करें।

  • Google Drive: Gmail, Google Photos और Google Docs के साथ उपयोगी इंटीग्रेशन मिलता है। Google अकाउंट में आमतौर पर 15GB मुफ्त स्टोरेज उपलब्ध होता है, जो संबंधित सेवाओं के बीच साझा रहता है।
  • Apple iCloud: Apple डिवाइस में फोटो, फाइल और बैकअप सिंक करने के लिए सुविधाजनक है। इसमें सामान्य तौर पर 5GB मुफ्त स्टोरेज मिलता है।
  • Microsoft OneDrive: Windows और Microsoft 365 इस्तेमाल करने वालों के लिए उपयोगी विकल्प है। इसके प्लान और स्टोरेज की मात्रा सब्सक्रिप्शन के अनुसार अलग हो सकती है।
  • Dropbox: फाइल शेयरिंग और अलग-अलग डिवाइस पर फाइलों तक पहुंच के लिए जाना जाता है। इसके मुफ्त प्लान में स्टोरेज सीमित रहता है।
  • Proton Drive: प्राइवेसी और एंड-टू-एंड एन्क्रिप्शन पर ध्यान देने वाले यूजर्स के लिए एक विकल्प है।

प्लान खरीदने से पहले मौजूदा कीमत, स्टोरेज सीमा और सब्सक्रिप्शन समाप्त होने पर लागू होने वाली शर्तें जरूर जांचें।

3. अपने डिवाइस के अनुसार चुनें सर्विस

क्लाउड स्टोरेज का चुनाव इस बात पर भी निर्भर करता है कि आप कौन-से डिवाइस इस्तेमाल करते हैं। अगर आपके पास Android फोन और Windows लैपटॉप है, तो दोनों पर आसानी से चलने वाली सर्विस अधिक सुविधाजनक हो सकती है।

Apple iPhone, iPad और Mac इस्तेमाल करने वालों के लिए iCloud उपयोगी हो सकता है। वहीं, अलग-अलग ऑपरेटिंग सिस्टम वाले डिवाइसों पर फाइल शेयर करनी हो, तो Google Drive, OneDrive या Dropbox पर विचार किया जा सकता है।

सर्विस चुनने से पहले यह भी देखें कि फाइलों को ऑफलाइन इस्तेमाल करने, दूसरे लोगों के साथ साझा करने और गलती से डिलीट हुई फाइलों को वापस पाने की सुविधा उपलब्ध है या नहीं।

4. डेटा की प्राइवेसी को नजरअंदाज न करें

क्लाउड स्टोरेज में निजी फोटो, बैंकिंग दस्तावेज और दूसरे महत्वपूर्ण रिकॉर्ड सेव किए जा सकते हैं। इसलिए फाइल अपलोड करने से पहले सर्विस की प्राइवेसी पॉलिसी और एन्क्रिप्शन व्यवस्था को समझना जरूरी है।

हर क्लाउड सर्विस में डेटा सुरक्षा का तरीका एक जैसा नहीं होता। कुछ सेवाओं में कंपनी तकनीकी रूप से फाइलों की सामग्री तक पहुंच बना सकती है, जबकि एंड-टू-एंड या जीरो-नॉलेज एन्क्रिप्शन वाली सेवाओं में यह पहुंच काफी सीमित होती है।

Proton Drive जैसी सेवाएं एन्क्रिप्शन आधारित प्राइवेसी सुविधाएं देती हैं। हालांकि, किसी भी सर्विस का चुनाव करने से पहले यह जांचें कि एन्क्रिप्शन किन फाइलों और सुविधाओं पर लागू होता है।

अतिरिक्त सुरक्षा के लिए मजबूत पासवर्ड और टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन का इस्तेमाल करें। सार्वजनिक या साझा कंप्यूटर पर अपना क्लाउड अकाउंट खुला छोड़ने से भी बचें।

5. दूसरी सर्विस पर डेटा ट्रांसफर करने की सुविधा देखें

कई लोग शुरुआत में मुफ्त क्लाउड स्टोरेज चुन लेते हैं, लेकिन डेटा बढ़ने पर उन्हें दूसरी सर्विस की जरूरत पड़ती है। ऐसी स्थिति में हजारों फोटो और वीडियो डाउनलोड करके दोबारा अपलोड करना समय लेने वाला काम हो सकता है।

इसलिए शुरुआत में ही जांच लें कि सर्विस से फाइलें आसानी से डाउनलोड की जा सकती हैं या नहीं। यह भी देखें कि फाइलों को उनके मूल फॉर्मेट में एक्सपोर्ट करने और दूसरे प्लेटफॉर्म पर ले जाने की सुविधा उपलब्ध है या नहीं।

जरूरी डेटा की एक अतिरिक्त कॉपी किसी अन्य सुरक्षित स्थान पर रखना भी समझदारी है। इससे अकाउंट संबंधी परेशानी या गलती से फाइल डिलीट होने की स्थिति में मदद मिल सकती है।

क्लाउड स्टोरेज चुनने से पहले याद रखें ये बातें

क्लाउड स्टोरेज खरीदने से पहले अपनी जरूरत, बजट, डिवाइस की अनुकूलता और डेटा सुरक्षा को प्राथमिकता दें। केवल ज्यादा मुफ्त स्टोरेज मिलने के कारण किसी सर्विस को चुनना सही फैसला नहीं हो सकता।

सही क्लाउड स्टोरेज वही है, जो आपकी जरूरतों के मुताबिक पर्याप्त जगह दे, डेटा सुरक्षित रखने में मदद करे और जरूरत पड़ने पर फाइलों को आसानी से एक्सेस या दूसरी जगह ट्रांसफर करने की सुविधा प्रदान करे।

Read Also-New Delhi News –INDIA गठबंधन के मार्च पर अभिजीत दीपके की टिप्पणी, बोले- जंतर-मंतर विरोध की भावना का प्रतीक

 

Show More

Related Articles

Back to top button