UP Election 2027: यूपी चुनाव से पहले विपक्ष पर JDU का हमला, सपा-कांग्रेस को लेकर कही बड़ी बात

UP Election 2027: यूपी चुनाव की तैयारियों के बीच JDU ने सपा-कांग्रेस की रणनीति पर उठाए सवाल, विपक्षी एकता पर कसा तंज।

UP Election 2027: उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर राजनीतिक गतिविधियां लगातार तेज हो रही हैं। एक ओर सभी दल चुनावी रणनीति बनाने में जुटे हैं, वहीं दूसरी ओर विपक्षी गठबंधन को लेकर भी चर्चाएं जारी हैं। इसी बीच जनता दल यूनाइटेड (JDU) ने समाजवादी पार्टी और कांग्रेस के संबंधों पर सवाल उठाते हुए तंज कसा है।

JDU के राष्ट्रीय महासचिव श्याम रजक ने सोमवार को कहा कि विपक्षी दल बैठकों और चर्चाओं में तो काफी सक्रिय दिखाई देते हैं, लेकिन चुनाव के समय उनका तालमेल जमीन पर नजर नहीं आता। उन्होंने दावा किया कि कई मौकों पर विपक्षी दल एक मंच पर आने की बात करते हैं, लेकिन उम्मीदवार चयन के दौरान अलग-अलग रास्ता अपना लेते हैं।

बिहार का उदाहरण देकर साधा निशाना

श्याम रजक ने कहा कि हाल के बिहार विधान परिषद चुनाव में भी ऐसा ही देखने को मिला। उनके अनुसार, एक दिन विपक्षी दलों की बैठक होती है और अगले ही दिन अलग-अलग उम्मीदवारों की घोषणा कर दी जाती है। उन्होंने इसे विपक्षी एकता की कमजोरी बताया।

मणिशंकर अय्यर के बयान पर भी प्रतिक्रिया

JDU नेता ने कांग्रेस के वरिष्ठ नेता मणिशंकर अय्यर के पड़ोसी देशों से जुड़े बयान पर भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि देश की सुरक्षा और सीमा संबंधी मुद्दों पर गंभीर दृष्टिकोण अपनाने की जरूरत है। रजक ने आतंकवाद और घुसपैठ के मुद्दे का उल्लेख करते हुए विपक्ष पर निशाना साधा।

CEC विवाद पर JDU का रुख

मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) से जुड़े विवाद पर भी JDU नेताओं ने प्रतिक्रिया दी। पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा ने कहा कि विपक्ष अपनी राजनीतिक असफलताओं को छिपाने के लिए चुनाव आयोग पर सवाल उठा रहा है। उनका कहना था कि यदि किसी मतदाता का नाम सूची से हटने की शिकायत है तो उसके लिए निर्धारित प्रक्रिया मौजूद है।

वहीं JDU प्रवक्ता राजीव रंजन ने कहा कि चुनाव आयोग से जुड़े मामलों पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई चल रही है। ऐसे में अदालत के निर्णय से पहले राजनीतिक बयानबाजी करना उचित नहीं माना जा सकता।

यूपी चुनाव पर बढ़ रही सियासी गर्मी

उत्तर प्रदेश में अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक माहौल लगातार गर्म हो रहा है। सत्तापक्ष और विपक्ष दोनों ही अपनी-अपनी रणनीति तैयार कर रहे हैं। इसी बीच सपा-कांग्रेस संबंधों और विपक्षी एकजुटता को लेकर उठ रहे सवाल चुनावी बहस का नया मुद्दा बनते दिखाई दे रहे हैं।

written by Siddhi Srivastava

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