
Ovarian Cancer : Ovarian Cancer को अक्सर “साइलेंट किलर” कहा जाता है, क्योंकि इसके शुरुआती लक्षण बेहद सामान्य दिखाई देते हैं और महिलाएं इन्हें गैस, तनाव या पाचन संबंधी समस्या समझकर नजरअंदाज कर देती हैं। लेकिन समय रहते इन संकेतों को पहचानना बीमारी की जल्दी पहचान और सफल इलाज के लिए बेहद जरूरी माना जाता है।
World Ovarian Cancer Day 2026 के अवसर पर विशेषज्ञों ने महिलाओं को ओवेरियन कैंसर के शुरुआती संकेतों के प्रति जागरूक रहने की सलाह दी है। अपोलो एथेना वीमेन कैंसर सेंटर की गाइनी-ऑन्कोलॉजिस्ट डॉ. रूपिंदर सेखों ने बताया कि “BEACH” एक्रोनियम की मदद से इस बीमारी के प्रमुख लक्षणों को आसानी से समझा जा सकता है।
क्या है BEACH फॉर्मूला?
B – Bloating (पेट फूलना): लगातार पेट फूलना, जो खान-पान बदलने पर भी ठीक न हो और समय के साथ बढ़ता जाए।
E – Early Satiety (जल्दी पेट भरना): बहुत कम खाने के बाद भी पेट भरा हुआ महसूस होना या भूख कम लगना।
A – Abdominal or Pelvic Pain (पेट या पेल्विक दर्द): पेट के निचले हिस्से या पेल्विक क्षेत्र में लगातार दर्द या भारीपन महसूस होना।
C – Changes in Habits (आदतों में बदलाव): बार-बार पेशाब आना, कब्ज या दस्त जैसी समस्याओं का लगातार बने रहना।
H – Heavy Fatigue (अत्यधिक थकान): ऐसी थकान जो आराम करने के बाद भी खत्म न हो।
विशेषज्ञों के मुताबिक, ओवेरियन कैंसर के लक्षण अक्सर IBS, गैस्ट्राइटिस या बदहजमी जैसी सामान्य समस्याओं से मिलते-जुलते होते हैं। यही वजह है कि कई महिलाएं समय पर जांच नहीं करातीं।
डॉक्टरों का कहना है कि यदि ये लक्षण लगातार कई हफ्तों तक बने रहें, तो तुरंत विशेषज्ञ से सलाह लेनी चाहिए। शुरुआती जांच और समय पर उपचार से ओवेरियन कैंसर के खतरे को काफी हद तक कम किया जा सकता है।



