
Dirty Doormat: घर को साफ रखने के लिए लोग फर्श, फर्नीचर और दरवाजों की सफाई पर तो ध्यान देते हैं, लेकिन अक्सर डोरमैट की अनदेखी कर देते हैं। जबकि बाहर से आने वाली धूल, मिट्टी और जूतों में लगी गंदगी सबसे पहले इसी पर जमा होती है। बारिश या नमी वाले मौसम में समस्या और बढ़ सकती है।
लगातार इस्तेमाल होने से गंदगी मैट के रेशों के भीतर तक पहुंच जाती है। समय पर सफाई न होने पर इसमें बदबू आने लगती है और जूतों के साथ गंदगी घर के अंदर भी पहुंच सकती है। अच्छी बात यह है कि डोरमैट को साफ करने के लिए महंगे क्लीनर की जरूरत नहीं होती। सही तरीका अपनाकर इसे घर पर ही साफ किया जा सकता है।
सबसे पहले झाड़कर निकालें धूल और मिट्टी
डोरमैट की सफाई शुरू करने से पहले उसे घर के बाहर ले जाकर अच्छी तरह झाड़ लें। इससे ऊपर जमी धूल, सूखी मिट्टी और छोटे कण निकल जाएंगे। इसके बाद वैक्यूम क्लीनर से मैट के रेशों के बीच फंसी गंदगी निकाल सकते हैं।
यह शुरुआती कदम हाथ से या मशीन से धुलाई करने में भी मदद करता है। मैट पर ज्यादा मिट्टी जमी हो तो उसे सीधे पानी में डालने के बजाय पहले सूखी गंदगी हटाना बेहतर रहता है।
वॉशिंग मशीन में धोने से पहले जांचें मैट का मटेरियल
हल्के और मशीन में धोने योग्य डोरमैट को वॉशिंग मशीन की मदद से साफ किया जा सकता है। हालांकि, हर तरह के मैट को मशीन में धोना सुरक्षित नहीं होता। इसलिए धुलाई से पहले उसके लेबल पर दिए गए निर्देश जरूर पढ़ें।
- मैट को मशीन में डालने से पहले अच्छी तरह झाड़ लें।
- हल्के डिटर्जेंट का इस्तेमाल करें।
- मैट के निर्देशों के अनुसार जेंटल वॉश साइकिल चुनें।
- रबर बैकिंग वाले मैट को मशीन में डालने से पहले उसकी देखभाल संबंधी जानकारी जांचें।
- कोयर जैसे प्राकृतिक रेशों वाले मैट को बिना निर्देश जांचे मशीन में न धोएं।
धुलाई के बाद मैट को तेज गर्मी वाले ड्रायर में डालने से बचें। गर्मी से उसके रेशे, रबर की परत या चिपकने वाला हिस्सा खराब हो सकता है।
हाथ से सफाई के लिए अपनाएं साबुन और ब्रश वाला तरीका
अगर डोरमैट भारी है या मशीन में नहीं धोया जा सकता, तो हाथ से सफाई करना बेहतर विकल्प हो सकता है। इसके लिए एक बाल्टी में गुनगुना पानी लेकर उसमें थोड़ा हल्का डिटर्जेंट मिलाएं।
अब मुलायम या उपयुक्त सफाई वाले ब्रश से मैट को हल्के हाथों से रगड़ें। जिन जगहों पर दाग ज्यादा हैं, वहां साबुन के घोल को कुछ मिनट रहने दें और फिर ब्रश से साफ करें। बहुत जोर से रगड़ने से मैट के रेशे खराब हो सकते हैं, इसलिए उसकी बनावट के अनुसार ब्रश का इस्तेमाल करें।
सफाई के बाद साफ पानी से अच्छी तरह धो लें, ताकि डिटर्जेंट के अवशेष न रह जाएं।
बदबू दूर करने में मदद कर सकता है बेकिंग सोडा
अगर डोरमैट से दुर्गंध आ रही है, तो बेकिंग सोडा एक उपयोगी घरेलू विकल्प हो सकता है। सूखे मैट पर थोड़ी मात्रा में बेकिंग सोडा छिड़ककर कुछ देर छोड़ दें और फिर अच्छी तरह झाड़ें या वैक्यूम कर लें।
धोने वाले मैट में भी जरूरत के अनुसार थोड़ी मात्रा इस्तेमाल की जा सकती है, लेकिन पहले मैट के केयर निर्देश देख लें। बेकिंग सोडा हर तरह के दाग या बदबू को पूरी तरह खत्म करने की गारंटी नहीं देता। अगर मैट में लगातार नमी या फफूंदी की समस्या है, तो उसकी वजह दूर करना भी जरूरी है।
गीले डोरमैट को दोबारा बिछाने की न करें जल्दबाजी
डोरमैट साफ करने के बाद उसे पूरी तरह सुखाना सबसे जरूरी है। इसके लिए मैट को खुली हवा वाली जगह पर फैलाकर या लटकाकर रखें। मैट के दोनों हिस्सों में नमी रह गई हो तो उसे दोबारा दरवाजे पर न बिछाएं।
खासकर रबर बैकिंग वाले मैट को सुखाते समय उसके निर्माता के निर्देशों का पालन करें। लंबे समय तक गीला रहने वाला मैट बदबू और फफूंदी की समस्या पैदा कर सकता है।
डोरमैट को जल्दी गंदा होने से ऐसे बचाएं
डोरमैट की नियमित देखभाल से उसकी उम्र बढ़ाने और घर में गंदगी कम रखने में मदद मिल सकती है। इसके लिए कुछ आदतें अपनाएं:
- सप्ताह में कम से कम एक बार मैट को अच्छी तरह झाड़ें।
- जरूरत के अनुसार वैक्यूम क्लीनर का इस्तेमाल करें।
- बारिश में भीगने पर मैट को जल्द सुखाएं।
- मैट को समय-समय पर उलटकर इस्तेमाल करें, अगर उसकी बनावट इसकी अनुमति देती है।
- दरवाजे के पास जूते-चप्पल रखने के लिए अलग जगह बनाएं।
- दाग लगने पर उन्हें लंबे समय तक छोड़ने के बजाय समय रहते साफ करें।
कितने दिनों में करनी चाहिए डोरमैट की डीप क्लीनिंग?
डोरमैट की सफाई कितनी बार करनी है, यह उसके इस्तेमाल, घर में आने-जाने वाले लोगों और मौसम पर निर्भर करता है। सामान्य तौर पर नियमित झाड़ने के साथ जरूरत पड़ने पर वैक्यूम करना और समय-समय पर गहरी सफाई करना उपयोगी रहता है। घर में ज्यादा आवाजाही हो या मैट बार-बार गंदा होता हो, तो सफाई भी अधिक बार करनी पड़ सकती है।
डोरमैट साफ करने से पहले उसका मटेरियल जरूर पहचानें। हर मैट पर एक ही तरीका अपनाना सही नहीं है। सही सफाई और पूरी तरह सुखाने से इसे लंबे समय तक इस्तेमाल किया जा सकता है और घर का प्रवेश द्वार भी साफ-सुथरा बना रहता है।
written by Siddhi Srivastava



