
Asian Games 2026: भारत की स्टार बॉक्सर लवलीना बोरगोहेन ने एशियन गेम्स 2026 में शानदार प्रदर्शन करते हुए महिलाओं के 75 किलोग्राम भार वर्ग में स्वर्ण पदक अपने नाम कर लिया। फाइनल मुकाबले में उन्होंने चीन की बाओ जियी को 5-0 के सर्वसम्मत फैसले से हराया।
मुकाबले की शुरुआत में दोनों मुक्केबाजों के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिली। शुरुआती दो राउंड में लवलीना ने बढ़त बनाए रखी, जबकि निर्णायक राउंड में उन्होंने अपने खेल को और आक्रामक करते हुए मुकाबला पूरी तरह अपने पक्ष में कर लिया।
एशियन गेम्स में पहली बार जीता गोल्ड
लवलीना के लिए यह एशियन गेम्स का पहला स्वर्ण पदक है। इससे पहले उन्होंने 2022 के एशियाई खेलों में रजत पदक जीता था। इस बार उन्होंने अपने पदक का रंग बदलते हुए स्वर्ण पर कब्जा जमाया।
इस जीत के साथ लवलीना उन चुनिंदा भारतीय महिला मुक्केबाजों की सूची में शामिल हो गई हैं, जिन्होंने एशियन गेम्स में स्वर्ण पदक हासिल किया है।
मैरी कॉम के बाद दूसरी भारतीय महिला बॉक्सर
लवलीना एशियाई खेलों में महिला बॉक्सिंग का गोल्ड जीतने वाली मैरी कॉम के बाद दूसरी भारतीय महिला मुक्केबाज बन गई हैं। मैरी कॉम ने 2014 के एशियन गेम्स में स्वर्ण पदक जीता था।
करीब 12 साल बाद भारत की महिला बॉक्सिंग को एशियन गेम्स में एक और स्वर्ण पदक मिला है।
सिल्वर से गोल्ड तक पहुंचा सफर
लवलीना ने 2022 में हांगझोउ एशियन गेम्स में रजत पदक हासिल किया था। इस बार उन्होंने फाइनल तक पहुंचने के बाद खिताबी मुकाबले में भी जीत दर्ज की। इससे पहले सेमीफाइनल में उन्होंने कजाकिस्तान की नताल्या बोगदानोवा को 3-2 से हराकर फाइनल में जगह बनाई थी।
इस तरह लवलीना ने लगातार दूसरे एशियन गेम्स में पोडियम फिनिश हासिल किया और अपने पिछले प्रदर्शन को स्वर्ण पदक में बदल दिया।
फाइनल तक भी शानदार रहा प्रदर्शन
लवलीना ने प्रतियोगिता के क्वार्टर फाइनल में दक्षिण कोरिया की सियोंग सुयेओन को 5-0 से हराया था। इस जीत के साथ उन्होंने सेमीफाइनल में जगह बनाई और भारत के लिए एक और बॉक्सिंग पदक सुनिश्चित किया था।
इसके बाद सेमीफाइनल में कड़े मुकाबले के बावजूद उन्होंने बोगदानोवा को मात दी और लगातार दूसरी बार एशियन गेम्स के फाइनल में पहुंचने वाली पहली भारतीय महिला बॉक्सर बनने का रिकॉर्ड भी बनाया।
भारत के खाते में आया 12वां गोल्ड
लवलीना का स्वर्ण पदक एशियन गेम्स 2026 में भारत के लिए 12वां गोल्ड रहा। भारतीय दल ने बॉक्सिंग के अलावा तीरंदाजी, निशानेबाजी, क्रिकेट, कबड्डी और अन्य खेलों में भी पदक हासिल किए हैं।
लवलीना की इस जीत ने भारतीय महिला बॉक्सिंग के लिए एशियाई खेलों में एक और स्वर्णिम अध्याय जोड़ दिया है।
जन्मदिन पर मिला यादगार तोहफा
लवलीना के लिए यह जीत इसलिए भी खास रही क्योंकि फाइनल का दिन उनके जन्मदिन के साथ आया। ऐसे में गोल्ड मेडल जीतकर उन्होंने अपने इस खास दिन को यादगार बना दिया।
एशियन गेम्स में गोल्ड जीतने के साथ लवलीना ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी उपलब्धियों की सूची में एक और बड़ी कामयाबी जोड़ ली है।
written by Siddhi Srivastava



