
Lucknow News:अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस के अवसर पर डॉ. राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान के सामुदायिक चिकित्सा विभाग की ओर से 28 सितंबर से 1 अक्टूबर तक आरएचटीसी जुग्गौर और यूएचटीसी उजरियावां में विभिन्न सामुदायिक स्वास्थ्य एवं जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। कार्यक्रम का उद्देश्य वृद्धजनों को स्वस्थ एवं सक्रिय वृद्धावस्था, गरिमा, देखभाल, सहयोग और उपलब्ध जेरियाट्रिक स्वास्थ्य सेवाओं के प्रति जागरूक करना रहा।
28 सितंबर को आरएचटीसी जुग्गौर में प्रभारी प्रो. डॉ. विनिता शुक्ला के मार्गदर्शन में सामुदायिक सुरक्षा मैपिंग और गिरने के जोखिम की पहचान की गई। डॉ. अनुराग वर्मा, एसआर और एमबीबीएस इंटर्न्स ने वृद्धजनों को गिरने से बचाव के उपायों का प्रदर्शन कराया। मेडिकल सोशल वर्कर की ओर से 90 सेकंड का संगीत आधारित कुर्सी व्यायाम सत्र भी आयोजित किया गया।
29 सितंबर को डॉ. पूजा, एलएमओ और डॉ. वीरेंद्र वर्मा, एसआर ने वृद्धजनों की स्वास्थ्य जांच की और उनसे विस्तृत संवाद किया। इस दौरान सामान्य स्वास्थ्य जांच के साथ नेत्र परीक्षण भी किया गया। डॉ. विकास वर्मा, जेआर ने संज्ञानात्मक एवं भावनात्मक स्वास्थ्य से संबंधित सत्र में बॉक्स ब्रीदिंग और ग्राउंडिंग तकनीक का अभ्यास कराया। एमएसडब्ल्यू सपना, राजकिशोर, कपिल, श्रुति और संजय ने कुर्सी व्यायाम का अभ्यास कराया। कार्यक्रम के अंत में प्रो. डॉ. विनिता शुक्ला ने प्रतिभागियों को प्रमाण-पत्र और पुरस्कार वितरित किए।
1 अक्टूबर को यूएचटीसी उजरियावां में मुख्य समारोह आयोजित किया गया। इसमें सामुदायिक चिकित्सा विभाग के विभागाध्यक्ष प्रो. डॉ. एसडी कांडपाल उपस्थित रहे। न्यूरोलॉजी विभाग के डॉ. अब्दुल कावी ने वृद्धजनों के स्वास्थ्य और न्यूरोलॉजिकल समस्याओं पर विशेषज्ञ व्याख्यान दिया।
कार्यक्रम में डॉ. रश्मि, प्रभारी यूएचटीसी, प्रो. डॉ. विनिता शुक्ला, प्रभारी आरएचटीसी, डॉ. पद्मजा, प्रभारी पीएचसी उजरियावां और डॉ. अर्शी अंसारी, आयोजन सचिव सहित अन्य चिकित्सक एवं स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहे।
कार्यक्रम में एनपीएचसीई के अंतर्गत उपलब्ध जेरियाट्रिक स्वास्थ्य सेवाओं, नियमित स्वास्थ्य जांच, विशेषज्ञ परामर्श और आवश्यक रेफरल सेवाओं की जानकारी दी गई। वक्ताओं ने वृद्धजनों के लिए गरिमा, सम्मान, निरंतर देखभाल और सुलभ स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता को स्वस्थ एवं सम्मानजनक वृद्धावस्था के लिए आवश्यक बताया।



