
Supreme Court: कांग्रेस नेता राहुल गांधी के एक पुराने बयान से जुड़ा मामला एक बार फिर चर्चा में आ गया है। सेना के कथित अपमान से जुड़े इस प्रकरण में शिकायतकर्ता पक्ष ने सुप्रीम कोर्ट से जल्द सुनवाई की मांग की है। सुनवाई के दौरान वरिष्ठ अधिवक्ता गौरव भाटिया ने मामले की लिस्टिंग को लेकर सवाल उठाए।
क्या बोले गौरव भाटिया?
सुप्रीम कोर्ट में पेश हुए गौरव भाटिया ने कहा कि मामला लंबे समय से लंबित है। उन्होंने आरोप लगाया कि रजिस्ट्री इस मामले को सुनवाई के लिए सूचीबद्ध नहीं कर रही है। भाटिया ने यह भी कहा कि किसी व्यक्ति की पहचान के आधार पर मामले को रोका नहीं जाना चाहिए।
CJI ने दिया जवाब
मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत ने इस पर स्पष्ट प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि अदालत के लिए यह मायने नहीं रखता कि मामला किस व्यक्ति से जुड़ा है। कोर्ट केवल प्रक्रिया के अनुसार काम करता है। उन्होंने शिकायतकर्ता को उचित आवेदन दाखिल करने की सलाह दी।
2022 के बयान से जुड़ा है विवाद
यह मामला राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा के दौरान दिए गए एक बयान से जुड़ा है। उस समय उन्होंने भारत-चीन सीमा विवाद का जिक्र करते हुए कहा था कि चीनी सैनिक भारतीय जवानों को पीट रहे हैं।
शिकायतकर्ता ने क्या आरोप लगाए?
पूर्व BRO अधिकारी उदय शंकर श्रीवास्तव ने इस बयान को सेना का अपमान बताया था। उन्होंने लखनऊ की एमपी-एमएलए अदालत में आपराधिक मानहानि की शिकायत दर्ज कराई थी।
हाई कोर्ट ने नहीं दी राहत
राहुल गांधी ने इस मामले को इलाहाबाद हाई कोर्ट में चुनौती दी थी। हालांकि, हाई कोर्ट ने उनकी याचिका खारिज कर दी थी। अदालत ने कहा था कि अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की भी कुछ सीमाएं होती हैं।
आगे क्या होगा?
अब शिकायतकर्ता पक्ष जल्द सुनवाई के लिए औपचारिक आवेदन दाखिल करेगा। इसके बाद सुप्रीम कोर्ट मामले की अगली सुनवाई की तारीख तय कर सकता है।
written by Siddhi Srivastava



