
UP Ayodhya News: अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावे और दान से जुड़ी कथित हेराफेरी के मामले ने नया मोड़ ले लिया है। इस मामले की जांच अब विशेष जांच दल (SIT) कर रही है और पुलिस अब तक आठ आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। शुरुआती जांच रिपोर्ट सामने आने के बाद इस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई तेज कर दी गई है।
इसी बीच बाबरी मस्जिद-राम जन्मभूमि विवाद के पूर्व वादी इकबाल अंसारी ने इस पूरे मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए घटना की कड़ी निंदा की है। उन्होंने कहा कि अयोध्या आस्था और श्रद्धा का केंद्र है तथा यहां भगवान से जुड़े चढ़ावे और धार्मिक वस्तुओं की कथित चोरी बेहद दुर्भाग्यपूर्ण और शर्मनाक है।
“मुसलमान भी भगवान का सम्मान करते हैं”
इकबाल अंसारी ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद उन्होंने देशभर के मुसलमानों से हिंदू आस्था का सम्मान करने और मंदिर निर्माण में किसी तरह का विरोध न करने की अपील की थी। उनके अनुसार, सभी धर्मों का सम्मान होना चाहिए और मुसलमान भी भगवान का सम्मान करते हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि जिन लोगों पर मंदिर की जिम्मेदारी थी, उन्होंने भगवान की माला और पवित्र खड़ाऊं जैसी धार्मिक वस्तुओं तक की चोरी कर ली। उन्होंने कहा कि ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।
मुख्यमंत्री योगी से की कार्रवाई की मांग
इकबाल अंसारी ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से अपील करते हुए कहा कि दोषियों के खिलाफ निष्पक्ष और कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए ताकि भविष्य में धार्मिक स्थलों की गरिमा से कोई खिलवाड़ न कर सके।
SIT जांच का दायरा बढ़ा
सूत्रों के अनुसार, SIT की जांच लगातार आगे बढ़ रही है और इस मामले में एक और FIR दर्ज होने की संभावना जताई जा रही है। बताया जा रहा है कि नई FIR साजिश रचने के आरोपों से जुड़ी हो सकती है, जिसमें कुछ अन्य लोगों के नाम भी सामने आ सकते हैं।
सरकार पहले ही स्पष्ट कर चुकी है कि धार्मिक आस्था से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की अनियमितता या भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
Written By: Ekta Verma



