
pratapgarh News: उत्तर प्रदेश गोसेवा आयोग के सदस्य रमाकांत उपाध्याय ने जनपद के भ्रमण के दौरान कान्हा गौशाला रंजीतपुर (चिलबिला) का निरीक्षण कर गौवंशों के रखरखाव, चारा, स्वच्छता और स्वास्थ्य संबंधी व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने गौशाला में उपलब्ध हरे चारे, चुनी-चोकर एवं भूसे की व्यवस्था पर संतोष व्यक्त किया और संबंधित अधिकारियों को व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान गोसेवा आयोग सदस्य ने नगर पालिका परिषद के अधिशासी अधिकारी को निर्देशित किया कि गौवंशों की सुविधा और स्वच्छता को ध्यान में रखते हुए चारे की नाद पर रेलिंग लगाई जाए, ताकि पशु उसमें प्रवेश कर गंदगी न फैला सकें। इसके साथ ही उन्होंने पानी की नांदों को प्रत्येक 15 दिन में चूने से पेंट कराने के निर्देश दिए, जिससे स्वच्छता बनी रहे और गौवंशों को शुद्ध पेयजल उपलब्ध हो सके।
उन्होंने उप मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी (सदर) को निर्देश दिए कि गौशाला में मौजूद कमजोर एवं अस्वस्थ गौवंशों को प्रत्येक तीन माह पर पेट के कीड़ों की दवा उपलब्ध कराई जाए। उन्होंने कहा कि गौवंशों के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए नियमित स्वास्थ्य परीक्षण, संतुलित आहार और स्वच्छ वातावरण अत्यंत आवश्यक है।
रमाकांत उपाध्याय ने गौशाला परिसर को आकर्षक और व्यवस्थित बनाने पर भी जोर दिया। उन्होंने अधिशासी अधिकारी को निर्देश दिए कि कान्हा गौशाला को पिकनिक स्पॉट की तर्ज पर विकसित करने की संभावनाओं पर कार्य किया जाए, ताकि लोगों में गौ संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़े। निरीक्षण के दौरान उन्होंने स्वयं गौवंशों को हरा चारा खिलाकर सेवा और संवेदनशीलता का संदेश भी दिया।
इसके बाद गोसेवा आयोग सदस्य विकासखंड पट्टी के अरेला गांव पहुंचे, जहां उन्होंने किसान गोविंद सिंह द्वारा की जा रही हल्दी की खेती का निरीक्षण किया। उन्होंने किसान के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि पारंपरिक खेती के साथ वैकल्पिक एवं नकदी फसलों को अपनाकर किसान अपनी आय में उल्लेखनीय वृद्धि कर सकते हैं। इस अवसर पर सदर विधायक राजेंद्र कुमार मौर्य, पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष हरिओम मिश्रा एवं बृजेश मिश्रा ने किसान को केंद्र एवं प्रदेश सरकार की उपलब्धियों से संबंधित पुस्तिका भी भेंट की।
भ्रमण के अगले चरण में रमाकांत उपाध्याय ने विकासखंड मंगरौरा की ग्राम पंचायत भदौना पहुंचकर किसान संतराम पांडेय द्वारा की जा रही चंदन की खेती का अवलोकन किया। चंदन की सफल खेती को देखकर उन्होंने किसान की भूरि-भूरि प्रशंसा करते हुए कहा कि यह पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ किसानों की आय बढ़ाने का एक उत्कृष्ट उदाहरण है। उन्होंने कहा कि चंदन जैसी मूल्यवान और बहुउपयोगी फसलों की खेती किसानों के लिए दीर्घकालिक आर्थिक लाभ का माध्यम बन सकती है तथा अन्य किसानों को भी नवाचार आधारित खेती अपनाने के लिए प्रेरित होना चाहिए।
निरीक्षण एवं भ्रमण कार्यक्रम के दौरान सदर विधायक राजेंद्र कुमार मौर्य, पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष हरिओम मिश्रा, भाजपा किसान मोर्चा के जिलाध्यक्ष विजय कुमार मिश्रा, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. राम शब्द, दुर्गेश तिवारी, डॉ. सुशील कुमार सहित संबंधित अधिकारी एवं जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
रिपोर्ट उमेश पाण्डेय जिला संवाद दाता यूनाईटेड भारत



