
उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र, संस्कृति मंत्रालय, भारत सरकार की ओर से आयोजित दीपावली शिल्प मेले का सोमवार को शुभारंभ मुख्य अतिथि प्रो. राजा राम यादव (से.नि.) कुलपति पूर्वांचल विश्वविद्यालय, जौनपुर, केंद्र निदेशक सुदेश शर्मा एवं सलाहकार कल्पना सहाय एवं विशिष्ट अतिथि तेज प्रताप तिवारी, प्रशासनिक न्यायाधीश, इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। सांस्कृतिक संध्या की शुरूआत व्याख्या केंद्र उदय प्रताप पब्लिक स्कूल, वाराणसी के बच्चों द्वारा लोकगायन चैती गायन की प्रस्तुति दी गई। उन्होंने जब जिद पर आ गई पार्वती पार्वती , हनुमान भजन मैंने तेरे ही भरोसे हनुमान सागर में नया डाल दी व शिव भजन की प्रस्तुति देकर पंडाल को शिवमय कर दिया। कार्यक्रम की अगली कड़ी में केद्र द्वारा आयोजित ब्रह्मनाद प्रतियोगिता में गायन में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले करन वीर चौहान एवं दल ने राग भूपाली में निबद्ध मंगल करहूं द्रवहूं मो पर प्रभु ,भजन राम राम रोम रोम,गंगा तेरी लहरी अमृत धार की प्रस्तुति देकर खूब तालियां बटोरी। इसके बाद लोकगायिका इंदु गुप्ता ने हमरी अटरिया पे आजा रे साँवरिया, बारी रे उमिरिया में कोरी बा चुनरिया, आईलें अवध में राम मोर साँवरिया रे, रह चली ले ता टोकेला सोनार सइयाँ जी व जगदंबा घर में दियरा की प्रस्तुति दी। इसके बाद जुगल किशोर शर्मा एवं दल द्वारा सैरा व राई नृत्य की प्रस्तुति दी गई। कार्यक्रम का संचालन प्रियांशु श्रीवास्तव ने किया।
रिपोर्ट: आकाश त्रिपाठी



