
International News: थाईलैंड की राजधानी बैंकॉक में सोमवार तड़के एक दर्दनाक हादसे ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया। शहर के उत्तरी इलाके में स्थित एक लोकप्रिय पब में अचानक भीषण आग लग गई, जिसमें अब तक 27 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है। हादसे में 60 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं और इनमें से 22 की हालत गंभीर बताई जा रही है। राहत और बचाव अभियान के दौरान सबसे दर्दनाक दृश्य तब सामने आया, जब दमकलकर्मियों को पब के टॉयलेट से कई शव मिले। शुरुआती जानकारी के अनुसार, आग से बचने के लिए लोग वहां छिप गए थे, लेकिन बाहर निकलने का रास्ता नहीं मिलने के कारण उनकी जान नहीं बच सकी।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक हादसे से कुछ मिनट पहले स्टेज के पास लगे इलेक्ट्रिकल सिस्टम से धुआं उठता दिखाई दिया। इसके तुरंत बाद पूरे पब की बिजली चली गई और फिर तेज धमाका हुआ। धमाके के साथ आग ने तेजी से पूरे परिसर को अपनी चपेट में ले लिया। उस समय पब में बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे, जिससे अफरा-तफरी मच गई और कई लोगों को बाहर निकलने का मौका तक नहीं मिला।
सूचना मिलते ही कई दमकल स्टेशन की टीमें मौके पर पहुंचीं और करीब आधे घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। आग बुझने के बाद पब का अंदरूनी हिस्सा पूरी तरह जल चुका था। चारों तरफ जली हुई कुर्सियां, मेजें और मलबा दिखाई दिया, जबकि बचाव दल लापता लोगों की तलाश में घंटों तक सर्च ऑपरेशन चलाता रहा।
स्थानीय मीडिया और अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों के अनुसार, मोटरसाइकिल टैक्सी चालक सुरिन जाइहार्न ने बताया कि उन्होंने पब से बाहर निकलते हुए कई लोगों को आग की लपटों में घिरा देखा। उन्होंने और अन्य लोगों ने अपने कपड़ों से पीड़ितों के शरीर पर लगी आग बुझाने की कोशिश की और कई घायलों को सुरक्षित स्थान तक पहुंचाया। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि आग इतनी तेजी से फैली कि लोगों को संभलने का मौका ही नहीं मिला।
अधिकारियों के सामने मृतकों और घायलों की पहचान भी बड़ी चुनौती बनी हुई है। कई लोग बिना पहचान पत्र के पब पहुंचे थे, जबकि कई घायल बेहोशी की हालत में अस्पताल पहुंचाए गए। प्रशासन ने परिजनों की मदद के लिए घटनास्थल के पास एक विशेष रजिस्ट्रेशन सेंटर भी बनाया है, जहां लोग अपने लापता रिश्तेदारों की जानकारी दर्ज करा रहे हैं।
हादसे के बाद सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी गंभीर सवाल उठने लगे हैं। शुरुआती रिपोर्ट में सामने आया है कि कई पीड़ित टॉयलेट तक तो पहुंच गए, लेकिन वहां से बाहर निकलने का कोई वैकल्पिक रास्ता नहीं था। हालांकि अधिकारी यह भी जांच कर रहे हैं कि पब में मौजूद सभी फायर एग्जिट उस समय पूरी तरह इस्तेमाल के लिए उपलब्ध थे या नहीं। आग लगने की असली वजह का पता लगाने के लिए फॉरेंसिक विशेषज्ञ और पुलिस संयुक्त जांच कर रहे हैं।
गौरतलब है कि थाईलैंड में नाइटक्लब और पब में आग लगने की यह पहली बड़ी घटना नहीं है। साल 2022 में भी एक म्यूजिक पब में लगी आग में 14 लोगों की जान गई थी। वहीं 2009 में बैंकॉक के चर्चित सांतिका नाइटक्लब में नए साल के जश्न के दौरान लगी आग में 66 लोगों की मौत हुई थी और 200 से अधिक लोग घायल हुए थे। इन हादसों के बावजूद सुरक्षा मानकों को लेकर सवाल लगातार उठते रहे हैं।
फिलहाल प्रशासन ने पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि हादसे के लिए जिम्मेदार कारणों की विस्तृत जांच की जाएगी और यदि सुरक्षा नियमों में लापरवाही सामने आती है, तो संबंधित लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।



