
New Delhi News-भारत की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत की झलक इस बार विदेशों में भी देखने को मिली। दुनिया के कई देशों में स्थित भारतीय दूतावासों और उच्चायोगों ने दुर्गा पूजा, शारदीय नवरात्रि और दशहरा के अवसर पर विशेष कार्यक्रम आयोजित किए। इन आयोजनों में भारतीय समुदाय के लोगों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। कहीं गरबा और डांडिया की धूम रही, तो कहीं भक्ति संगीत, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और विशेष प्रार्थनाओं के जरिए मां दुर्गा की आराधना की गई।
इन कार्यक्रमों ने विदेशों में रहने वाले भारतीयों को अपनी संस्कृति और परंपराओं से जोड़ने का काम किया। साथ ही, स्थानीय लोगों को भी भारतीय त्योहारों की विविधता और सांस्कृतिक महत्व को करीब से जानने का अवसर मिला। भारत की सांस्कृतिक पहचान को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रस्तुत करने में भी ऐसे आयोजनों की अहम भूमिका रही।
श्रीलंका में भारतीय समुदाय ने मनाई दुर्गा पूजा
श्रीलंका की राजधानी कोलंबो में भारत कोलंबो एसोसिएशन की ओर से दुर्गा पूजा समारोह आयोजित किया गया। इसमें भारतीय उच्चायुक्त संतोष झा ने भारतीय समुदाय के सदस्यों के साथ भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान श्रीलंकाई कलाकारों ने दुर्गा पूजा की कथा पर आधारित आकर्षक नृत्य प्रस्तुत किए।
इस अवसर पर उच्चायुक्त ने कहा कि दुर्गा पूजा जैसे सामुदायिक उत्सव भारत और श्रीलंका के लोगों के बीच सांस्कृतिक संबंधों को मजबूत बनाते हैं। ऐसे आयोजन दोनों देशों के नागरिकों को एक-दूसरे की परंपराओं को समझने का अवसर देते हैं।
भूटान में गायन प्रतियोगिता ने बांधा समां
भूटान में भारतीय दूतावास की ओर से दशहरा गाला नाइट का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में गायन प्रतियोगिता आकर्षण का प्रमुख केंद्र रही। भूटान के उभरते गायकों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। तीन सदस्यीय निर्णायक मंडल ने प्रतिभागियों की प्रस्तुतियों के आधार पर विजेताओं का चयन किया। इस मंडल में नेहरू-वांगचुक सांस्कृतिक केंद्र के संगीत शिक्षक भी शामिल रहे।
बांग्लादेश और म्यांमार में भी दिखा उत्साह
बांग्लादेश की राजधानी ढाका में भारतीय उच्चायुक्त दिनेश त्रिवेदी ने ढाका विश्वविद्यालय के छात्रों के साथ उत्सव की खुशियां साझा कीं। इस आयोजन ने विद्यार्थियों और भारतीय समुदाय के बीच सांस्कृतिक संवाद को बढ़ावा दिया।
वहीं, म्यांमार के यांगून में नौ दिनों तक नवरात्रि उत्सव मनाया गया। इस दौरान विभिन्न स्थानों पर गरबा और अन्य सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए गए। पारंपरिक संगीत की धुनों पर लोगों ने उत्साहपूर्वक भागीदारी की।
रूस में भक्ति संगीत की प्रस्तुतियां
रूस की राजधानी मॉस्को में आयोजित दुर्गा पूजा समारोह में भारतीय राजदूत विनय कुमार, दूतावास के अधिकारी, व्यापार जगत के प्रतिनिधि और भारतीय समुदाय के सदस्य शामिल हुए। कार्यक्रम में भारतीय सांस्कृतिक संबंध परिषद (आईसीसीआर) के कलाकारों ने आध्यात्मिक गीतों की प्रस्तुति दी।
इन आयोजनों से स्पष्ट हुआ कि दुर्गा पूजा और नवरात्रि जैसे त्योहार भौगोलिक सीमाओं से परे लोगों को भारतीय संस्कृति से जोड़ते हैं। विदेशों में आयोजित ऐसे सांस्कृतिक कार्यक्रम भारतीय परंपराओं के प्रसार के साथ-साथ विभिन्न देशों के बीच आपसी समझ और जनसंपर्क को भी बढ़ावा देते हैं।
रिपोर्ट: शाश्वत तिवारी



