न्यूयॉर्क। यूएन में अफगानिस्तान के समर्थन में खुलकर खड़ा हुआ भारत

न्यूयॉर्क। भारत ने पाकिस्तान की ओर से हाल ही में अफगानिस्तान पर किए गए हवाई हमलों की संयुक्त राष्ट्र में कड़ी निंदा की है और इसे इंटरनेशनल कानून, यूएन चार्टर और देश की संप्रभुता के सिद्धांत का खुला उल्लंघन बताया है।

भारत ने United Nation में ट्रेड और ट्रांजिट पर लगी पाबंदियों को लेकर भी चिंता जताई, जिससे इस लैंडलॉक्ड (जमीन से घिरे) देश पर असर पड़ रहा है।

न्यूयॉर्क स्थित संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी प्रतिनिधि राजदूत पी. हरीश ने अफगानिस्तान के हालात पर यूएनएससी की बैठक में भारत का पक्ष रखते हुए हमलों की आलोचना की और कहा कि इन हमलों की वजह से आम लोगों की जान गई है और कई लोग बेघर हुए हैं।

भारतीय राजनयिक ने भारत की ओर से अफगानिस्तान को दी जाने वाली मदद पर भी विस्तार से बात की। उन्होंने कहा कि सभी 34 प्रांतों में 500 से अधिक डेवलपमेंट पार्टनरशिप प्रोजेक्ट्स के जरिए भारत हेल्थकेयर, पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर और कैपेसिटी बिल्डिंग में अपनी भागीदारी बढ़ा रहा है। पिछले तीन महीनों में इम्यूनाइजेशन वैक्सीन की 10 लाख डोज और 9.5 टन एंटी-कैंसर दवाएं पहुंचाई गई हैं।

उन्होंने बताया कि भारत फूड सिक्योरिटी, काउंटर नारकोटिक्स, भूकंप राहत और पुरुषों व महिलाओं दोनों के लिए शिक्षा के क्षेत्र में भी सहयोग दे रहा है। भारत ने हाल ही में हुए टी20 क्रिकेट वर्ल्ड कप में अफगानिस्तान के शानदार प्रदर्शन की भी सराहना की और कहा कि भारत को उनके सफर का हिस्सा बनकर गर्व है।

भारतीय प्रतिनिधि ने पाकिस्तान का नाम लिए बिना कहा कि रमजान के पवित्र महीने में हवाई हमले करना और फिर अंतरराष्ट्रीय कानून व इस्लामिक एकता का हवाला देना पाखंड है।

Also Read: Gas Crisis: गैस सप्लाई संकट के बीच एक्शन में सरकार, हरदीप पुरी ने PM मोदी से की मुलाकात

हरीश ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय समुदाय को मिलकर यह सुनिश्चित करना होगा कि आईएसआईएल, अल-कायदा, लश्कर-ए-तैयबा, जैश-ए-मोहम्मद और द रेजिस्टेंस फ्रंट जैसे संगठन तथा उनके सहयोगी भविष्य में क्रॉस-बॉर्डर आतंकवाद में शामिल न हों।

उन्होंने भरोसा जताया कि भारत अफगान समाज की जरूरतों और उम्मीदों के साथ हमेशा खड़ा रहेगा। अंत में उन्होंने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अपील की कि वह केवल पारंपरिक तरीकों से आगे बढ़कर अधिक प्रभावी नीतियां अपनाए।

(रिपोर्ट: शाश्वत तिवारी)

Show More

Related Articles

Back to top button