
UP News : पश्चिम एशिया के हालिया घटनाक्रमों के बीच पत्र सूचना कार्यालय (PIB) लखनऊ और उत्तर प्रदेश सरकार के संयुक्त तत्वावधान में एक अहम प्रेस वार्ता आयोजित की गई। यह प्रेस कॉन्फ्रेंस इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (IOCL) और कृषि विभाग के साथ गोमती नगर स्थित इंडियन ऑयल भवन में हुई।
प्रेस वार्ता में IOCL के कार्यकारी निदेशक एवं राज्य प्रमुख संजय भंडारी ने बताया कि उत्तर प्रदेश में पेट्रोल, डीजल और LPG सहित सभी पेट्रोलियम उत्पादों की आपूर्ति पूरी तरह सामान्य और नियंत्रण में है। राज्य में 13,168 रिटेल आउटलेट और 28 सप्लाई डिपो के माध्यम से नियमित आपूर्ति की जा रही है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में प्रतिदिन औसतन 16 TKL पेट्रोल और 30 TKL डीजल की उपलब्धता सुनिश्चित की जा रही है। सभी पेट्रोल पंप सामान्य रूप से कार्य कर रहे हैं और बिक्री पर किसी प्रकार की रोक नहीं है। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि घबराहट में ईंधन की खरीदारी न करें।
LPG और PNG सप्लाई भी स्थिर
IOCL के अनुसार, राज्य में 4,143 LPG वितरकों और 36 बॉटलिंग प्लांट्स के जरिए लगभग 4.88 करोड़ उपभोक्ताओं को सेवा दी जा रही है। फिलहाल 1.5 दिन का स्टॉक उपलब्ध है और रोजाना करीब 8.7 लाख सिलेंडर रिफिल की डिलीवरी की जा रही है।
PNG (पाइप्ड नेचुरल गैस) नेटवर्क भी तेजी से बढ़ रहा है। प्रदेश में करीब 20 लाख कनेक्शन हैं और पिछले एक महीने में 28,210 नए कनेक्शन जोड़े गए हैं।
जमाखोरी पर सख्त कार्रवाई
संजय भंडारी ने बताया कि जमाखोरी और अवैध डायवर्जन पर रोक लगाने के लिए अब तक 21,939 निरीक्षण किए गए हैं। इस दौरान 12,330 गैस सिलेंडर जब्त किए गए, 245 FIR दर्ज हुईं और 22 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। आवश्यक वस्तु अधिनियम, 1955 के तहत सख्त कार्रवाई जारी है।
उर्वरकों की भी कोई कमी नहीं
कृषि विभाग के अपर निदेशक आशुतोष कुमार मिश्रा ने बताया कि राज्य में यूरिया, DAP और NPK सहित सभी प्रमुख उर्वरकों का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है। किसानों को घबराने की जरूरत नहीं है।
उन्होंने कहा कि उर्वरकों की बिक्री निर्धारित MRP पर सुनिश्चित की जा रही है और सीमावर्ती क्षेत्रों में अवैध आवाजाही रोकने के लिए विशेष निगरानी की जा रही है। किसानों से अपील की गई है कि वे जरूरत के अनुसार ही उर्वरक खरीदें और अफवाहों से बचें।
फर्जी खबरों पर नजर
प्रेस वार्ता में दिलीप कुमार शुक्ल ने बताया कि सोशल मीडिया पर फैल रही भ्रामक सूचनाओं पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे केवल सरकारी और आधिकारिक स्रोतों पर ही भरोसा करें।



